केमद्रुम दोष का संपूर्ण विवरण -: नमस्कार साथियों आज हम ज्योतिष शास्त्र के ऐसे महत्वपूर्णदोष की बात करने जा रहे हैं जो कि चंद्रमा के द्वारा निर्मित होता है। जिसे केमद्रुम योग के नाम से जाना जाता है।आईए जानते हैं केंमदु दोष के क्या परिणाम होते हैं। किस प्रका…
Read moreकेतु का द्वादश भाव में शुभ अशुभ फल -: नमस्कार साथियों! आज की चर्चा में हम जानेंगे केतु देव का पत्रिका के द्वादश भाव में शुभ अशुभ परिणाम के विषय में तो आईए जानते हैं केतु देव पत्रिका के सभी भाव में किस प्रकार का सामान्य परिणाम प्रदान करते हैं! जैसा कि हम जान…
Read moreराहु का पत्रिका के 12 भाव में सामान्य फल -: प्रथम भाव व्यक्तित्व में रहस्यमयता, महत्वाकांक्षा, असामान्य सोच स्वास्थ्य में उतार-चढ़ाव, मानसिक बेचैनी विदेश/अलग संस्कृति से जुड़ाव प्रसिद्धि अचानक मिलती है द्वितीय भाव धन अर्जन के अनोखे स्रोत वाणी में कटुता/चा…
Read moreशुक्र का द्वादश भावों में फल -: नीचे शुक्र ग्रह के कुंडली के 1 से 12 भावों में स्थित होने पर मिलने वाले शुभ एवं अशुभ फलों का क्रमबद्ध वर्णन दिया जा रहा है। (यह फल शुक्र की राशि, युति, दृष्टि, बल–निर्बलता के अनुसार घट–बढ़ सकते हैं) प्रथम भाव (लग्न भाव) में शुक…
Read more
Social Plugin