शुक्र का द्वादश भावों में फल -: नीचे शुक्र ग्रह के कुंडली के 1 से 12 भावों में स्थित होने पर मिलने वाले शुभ एवं अशुभ फलों का क्रमबद्ध वर्णन दिया जा रहा है। (यह फल शुक्र की राशि, युति, दृष्टि, बल–निर्बलता के अनुसार घट–बढ़ सकते हैं) प्रथम भाव (लग्न भाव) में शुक…
Read moreभृगु संहिता में सेकंड मैरिज योग-: नमस्कार मित्रों। आज की चर्चा में हम भृगु संहिता में वर्णित सेकंड मैरिज योग के बारे में विस्तार से चर्चा करने जा रहे हैं। आज की चर्चा में जानेंगे की पत्रिका में सेकंड मैरिज योग किस प्रकार निर्मितहोत है। जैसा कि हम सब जानते ह…
Read more5 दिसंबर से बृहस्पति के वक्री होकर मिथुन राशि में गोचर का सभी 12 राशियों पर प्रभाव -: गुरु अपनी उच्च कर्क राशि से वक्री होकर 5 दिसंबर से मिथुन राशि में गोचर करने जा रहे हैं। इससे पहले 18 अक्टूबर 2025 को बृहस्पति अतिचार होकर मिथुन राशि से अपनी उच्च कर्क …
Read moreशनि मार्गी – 28 नवंबर का 12 राशियों पर प्रभाव नमस्कार मित्रों जैसा कि हम जानते हैं 28 नवंबर 2025 को शनि देव मीन राशि में वक्री गति छोड़कर के मार्गी गति पर आगे बढ़ेंगे। शनिदव की गति परिवर्तन पर सभी 12 राशियों के जातकों के जीवन में भिन्न-भिन्न प्रकारक परिणाम…
Read moreपैतृक संपत्ति से संबंधित विवाद को समाप्त करने का ज्योतिषीय उपाय -: पैतृक संपत्ति में अपना वाजिब भाग प्राप्त करना केवल कानूनी या पारिवारिक विषय नहीं है — वैदिक ज्योतिष की दृष्टि से यह पितृ दोष, ग्रह योग, और कर्मफल से भी जुड़ा हुआ विषय है। इसलिए इसके उपाय …
Read more28 अक्टूबर से मंगल का वृश्चिकरशि में गोचर -: 28 अक्टूबर 2025 को मंगल अपनी वृश्चिक राशि में गोचर करने जा रहे हैं। जिससे सभी राशियों पर अलग-अलग प्रभाव देखने को मिलेगा तो आईए जानते हैं। मेष से मीन राशि के जातकों पर मंगल के इस गोचर का कैसा रहने वाला है प्रभावन …
Read more11वें भाव में सिंह राशि मे केतु का फलादेश-: 11वाँ भाव (Labha Bhava) जन्मकुंडली में लाभ, आय, मित्र, बड़े भाई-बहन, इच्छाओं की पूर्ति और उपलब्धियों से संबंधित होता है। सिंह राशि (Leo) सूर्य की राशि है — यहाँ अहं, नेतृत्व, आत्माभिमान, रचनात्मकता, और प्रसिद्ध…
Read moreकरवाचौथ व्रत 2025 -: करवा चौथ 2025 करवा चौथ व्रत 10अक्टूबर 2024, शुक्रवार को मनाया जाएगा। यह दिन विशेष रूप से विवाहित महिलाओं के लिए होता है, जो अपने पति की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना के लिए व्रत रखती हैं। यह व्रत विशेषकर उत्तर भारत के राज्यों जैसे उ…
Read moreकरवा चौथ व्रत कथा -: करवा चौथ का महत्व : करवा चौथ हिन्दू धर्म में विवाहित स्त्रियों के लिए एक अत्यंत पवित्र और शुभ व्रत है। यह व्रत कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन विवाहित महिलाएँ अपने पति की दीर्घायु, सुख, समृद्धि और अखं…
Read moreबृहस्पति देव 48 दिन के लिए करेंगे अपनी उच्च राशि में गोचर -: 18 अक्टूबर 2025 को बृहस्पति (गुरु) कर्क राशि में उच्च के होकर प्रवेश करेंगे । उनका यह गोचर 5 दिसंबर तक कंप्लीट 48 दिन के लिए रहेगा। बृहस्पति का exalted होना बहुत ही शुभ माना जाता है क्योंकि कर्क उ…
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